योरकोट ने अपने अभिनव मोबाइल-फर्स्ट वीडियो को लॉन्च करने की घोषणा की

बंगलुरु। ऐसा कहा जाता है कि, एक चित्र हजार शब्द बोल सकता है, लेकिन एक वीडियो ऐसी कहानियां बता सकता है जो संस्कृतियों और भौगोलिक सीमाओं में फैला हो सकती है। एक माध्यम के रूप में, वीडियोज लोगों तक आत्माभिव्यक्ति पहुंचाने हेतु एक प्लेटफार्म देने के लिए भाषा और साक्षरता की सीमाओं को पार कर जाते हैं। यही वह अनोखा प्रस्ताव है, जिसे अपने मोबाइल ऐप पर एक समर्पित वीडियो प्लेटफार्म को लॉन्च करने के साथ अपने प्रयोक्ताओं को सक्षम करने के लिए, भारत के सबसे तेजी से विकसित होते असली प्रयोक्ता निर्मित सामग्री और डिजिटल समुदाय प्लेटफार्म योरकोट ला रहा है। इस लॉन्च के साथ, विभिन्न सामाजि-आर्थिक क्षेत्र से आने वाले भारतीय टेक्स्ट आधारित सामग्री को साझा करने के अलावा, आसानी से निर्मित मोबाइल वीडियो सामग्री के माध्यम से योरकोट के बढ़ते हुए सामाजिक समुदाय के साथ अपने विचारों, भावनाओं और जोश को साझा कर सकते हैं।
जो बात योरकोट के नवीनतम फीचर के लॉन्च को अभूतपूर्व विकास बनाती है, वह है इसका टेक्स्ट आधारित सामग्री से संबंधित अद्वितीयता के पार जाकर सामग्री निर्माण और उपभोग को प्रजातांत्रिक करना। योरकोट प्लेटफार्म में मोबाइल वीडियोज जोड़ने से, उन प्रयोक्ताओं को भी सहूलियत मिलेगी जो समझने के लिए लिखे गए शब्दों के साथ ही साथ सामग्री निर्माण करने से अच्छी तरह से अभ्यस्त नहीं हैं, जिससे स्वभाविक आत्माभिव्यक्ति के इस ब्रांड के वादे को दूसरे स्तर पर ले जाया जाता है। यह भारत में इस व्यापक स्वदेशी उपभोक्ता आधार के लिए आत्माभिव्यक्ति का तैयार माध्यम बनने हेतु रिलायंस जिओ द्वारा निर्मित हालिया डाटा विविधता का लाभ उठाने की सोच रखता है।
इस घोषणा पर टिप्पणी करते हुए, हर्ष स्नेहांशु, सह-संस्थापक और सीईओ, योरकोट ने कहा, ‘हर किसी के पास कहने, साझा करने के लिए एक कहानी होती है, और हम मानते हैं कि ऐसा करने के लिए वीडियोज से बेहतर या आसान माध्यम कोई और नहीं है। इसका प्रारूप सहज रूप से इंटरैक्टिव, समावेशी और उपलब्ध है, और यह उन प्रयोक्ताओं को भी आकर्षित कर रहा है जो टेक्स्ट आधारित सामग्री से पूरी तरह से सहज नहीं है। हम आत्माभिव्यक्ति को और भी जनतांत्रिक करना चाहते हैं, और इसी वजह से हमने अपने मोबाइल वीडियो प्लेटफार्म की शुरुआत की।’
योरकोट का मोबाइल प्रस्ताव इसे दूसरों से अलग करता है। गूगल प्ले और ऐपल ऐप स्टोर दोनों में उपलब्ध, इसका मोबाइल ऐप प्रयोक्ताओं को ‘राइट’ और ‘परफॉर्म’ दो विकल्पों से अभिव्यक्ति के अपने पसंदीदा माध्यम को चुनने की सुविधा देता है। मोबाइल वीडियो बनाने के लिए, सभी योरकोट प्रयोक्ताओं को बस इतना करना है कि परफॉर्म चुने और रिकॉर्ड करना शुरू कर दें। योरकोट में कई फन फिल्टर्स भी हैं जैसे कि भीड़ के सामने असल में परफॉर्म करने का यथार्थ अहसास का डिजिटली निर्माण करने के लिए माइक और स्टेज। इसके अलावा, अपने सहज सामाजिक प्रस्ताव से, योरकोट नई प्रतिभाओं को भी खोजे जाने और प्रशंसा पाने की सहूलियत देता है, यह ऐसा कुछ है जिसे अन्य वीडियो साग्रमी प्लेटफार्म्स पाने में सक्षम नहीं हुए हैं।
एक सुदृढ़, आसानी से एक्सेसिबल और मोबाइन के अनुकूल वीडियो प्लेटफार्म बनाने की जरूरत पर बात करते हुए, योरकोट के सह-संस्थापक और सीटीओ आशीष सिंह ने कहा, ‘पिछले कुछ सालों में, मोबाइल ने खुद को भारत की बढ़ती डिजिटल आबादी के लिए एक पसंदीदा स्क्रीन के रूप में स्थापित किया है। बेहद किफायती कीमतों पर हाई-परफॉर्मेंस स्मार्टफोन्स की उपलब्धता ने उपभोक्ताओं की पसंद में आए इस परिवर्तन में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, साथ ही हाई स्पीड पर किफायती डाटा की उपलब्धता ने भी। हम मोबाइल के नेतृत्व वाले इस बदलाव का लाभ उठाना चाहते थे और हमने अपने मोबाइल वीडियो प्लेटफार्म के लिए टेक अवसंरचना का विकास करने में काफी निवेश किया है। हमें भरोसा है कि हम जो एक्सेसिबिलिटी, कस्टमाइजेशन और समावेश प्रस्तुत करते हैं उससे हमारे प्रयोक्ताओं को योरकोट के व्यापार दर्शक आधार के साथ अपने वीडियोज को साझा करने की सुविधा मिलेगी, सहज रूप से और किसी भी दिक्कत के बिना।’
वर्तमान में, हर माह लगभग 30 शहरों में कार्यक्रम आयोजित करके, योरकोट ने अब तक, 2,000 से ज्यादा परफॉर्मेंस आयोजित किए हैं, जिसमें समुदाय के 5,000 से ज्यादा सदस्यों ने हिस्सा लिया है। योरकोट का लक्ष्य अपने मोबाइल वीडियो प्लेटफार्म के लॉन्च के साथ इन कार्यक्रमों से वीडियो सामग्री के लिए मिले इस खिंचाव को आधार बनाना है।
हर्ष ने आगे कहा, ‘हमारे ओपन माइक कार्यक्रमों में वीडियो सेटअप के प्रस्ताव के सबूत को दर्ज करके, हम वीडियो परफॉर्मेंसेस को पूरे भारत में आसान और एक्सेसिबल बनाना चाहते थे। खास तौर पर कम खोजे गए टिअर-2 और टिअर-3 शहरों में। हमारे मोबाइल वीडियो प्लेटफार्म को लॉन्च करना, इन क्षेत्रों के योरकोट प्रयोक्ताओं को देखे और सुने जाने के लिए पूरे भारत का स्टेज देता है।’
वर्तमान में, पूरे भारत में योरकोट के 600,000 से ज्यादा प्रयोक्ता और 65,000 दैनिक सक्रिय प्रयोक्ता हैं। इसके प्रयोक्ताओं ने अब तक 6.5 मिलियन से ज्यादा पोस्ट की है, जबकि योरकोट मोबाइल वीडियो प्लेटफार्म के लॉन्च होने के एक हफ्ते के अंदर ही 2,000 से ज्यादा वीडियोज को पोस्ट किया जा चुका है। भारतीय भाषा प्रयोक्ताओं के बाजार के वर्तमान में 200 मिलियन प्रयोक्ताओं से 2021 तक 500 मिलियन तक पहुंचने की उम्मीद के साथ, योरकोट का लक्ष्य इस प्रभावी उपलब्धि पर आधारित रहना और भारत में एक प्रमुख आत्माभिव्यक्ति प्लेटफार्म बनने के लिए इस प्रगति के साथ आगे बढ़ना है।

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